नईदिल्ली (06 मई 24)। पूर्व कांग्रेस नेता आचार्य प्रमोद कृष्णम कांग्रेस में 32 साल से अधिक समय तक रहे हैं। उन्होंने राहुल गांधी के बयान को लेकर यह दावा किया कि राहुल गांधी ने कहा था कि अगर उनकी सरकार बनती है तो वह एक सुपरपावर कमेटी का गठन करेंगे और राम मंदिर के फैसले को वैसे ही पलट देंगे, जैसे तीन तलाक के केस में राजीव गांधी ने शाह बानो के फैसले को पलट दिया था। यह बात उन्होंने अपने अमेरिका में रहने वाले एक शुभचिंतक की सलाह पर कही थी । प्रमोद कृष्णम के द्वारा लगाए गए इन आरोपो के बाद सियासी गलियारों में हड़कंप मंच गया है।
प्रमोद कृष्णम ने यह भी आरोप लगाया कि राहुल गांधी और उनकी टीम इस देश को किसी न किसी बहाने से तोड़ना चाहती है। राहुल गांधी और उनकी टीम देश को जाति, धर्म, भाषा और क्षेत्र के नाम पर तोड़ने में लगी है। इसलिए वह गलत बयानबाजी करते हैं। पहले की कांग्रेस और वर्तमान की कांग्रेस में काफी फर्क है। महात्मा गांधी, जवाहरलाल नेहरू तथा अन्य कई नेताओं ने भारत को जोड़ने का काम किया। उन्होंने कहा कि वह कांग्रेस में 32 साल से अधिक समय तक रहे हैं। आचार्य प्रमोद ने अपने आवास पर मीडिया से बातचीत की। उन्होंने कहा कि कांग्रेस एक बड़ी पार्टी है। जब इसकी स्थापना हुई तो उस समय के नेता देशभक्त थे। उस वक्त की कांग्रेस ने देश को जोड़ने का काम किया। अपने पूरा जीवन देश को एकजूट करने में लगा दिया था।
बता दें कि जब कांग्रेस ने रायबरेली से राहुल गांधी को अपना उम्मीदवार बनाया था तो उस समय भी आचार्य प्रमोद ने कांग्रेस पर टिप्पणी किया था।उन्होंने राहुल गांधी को लेकर कहा था कि उन्हें रायबरेली की जगह अमेठी से चुनाव लड़ना चाहिए । अगर वह अमेठी से चुनाव लड़ने के जगह रायबरेली से चुनाव लड़ते हैं तो पूरे देश को यह संदेश जाएगा कि जो आदमी हर रोज प्रधानमंत्री को चुनौती देता था, रोज-रोज अपने कांग्रेस कार्यकर्ताओं और देश की जनता से कहता था कि डरो मत, वो खुद डर गया ।