नईदिल्ली (26 अप्रैल 26)। आम आदमी पार्टी (AAP) के दिग्गज नेता और राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने शनिवार को अपनी पूर्व पार्टी पर तीखा प्रहार किया। भाजपा में शामिल होने के बाद चड्ढा ने आरोप लगाया कि 'आप' अपने मूल सिद्धांतों से भटक चुकी है और अब वहां सच्चे देशभक्तों और ईमानदार कार्यकर्ताओं के लिए कोई स्थान नहीं बचा है।
राघव चड्ढा ने उन आरोपों का कड़ाई से जवाब दिया जिसमें 'आप' नेताओं ने कहा था कि उन्होंने डर की वजह से पाला बदला है। चड्ढा ने कहा हमने डर के कारण नहीं, बल्कि 'आप' की कार्यप्रणाली से निराश और घृणित होकर पार्टी छोड़ी है। हर वो व्यक्ति जिसने खून-पसीने से इस पार्टी को सींचा था, वह आज खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहा है। उन्होंने दावा किया कि आम आदमी पार्टी अब उस गलत रास्ते पर चल पड़ी है, जिससे कोई भी स्वाभिमानी व्यक्ति जुड़ना नहीं चाहेगा। चड्ढा ने सामूहिक इस्तीफे को जायज ठहराते हुए बाबा साहेब अंबेडकर द्वारा रचित संविधान का जिक्र किया। उन्होंने कहा, 'संविधान निर्वाचित सांसदों को यह अधिकार देता है कि यदि उनकी पार्टी भ्रष्ट और समझौतावादी हाथों में चली जाए, तो वे उसे छोड़ सकते हैं। यही कारण है कि हम एक-दो नहीं, बल्कि 7 सांसद एक साथ पार्टी छोड़ रहे हैं।' राघव चड्ढा के साथ संदीप पाठक, अशोक मित्तल, हरभजन सिंह, राजेंद्र गुप्ता, विक्रमजीत सिंह साहनी और स्वाति मालीवाल ने भी भाजपा का दामन थाम लिया है।