तेहरान (23 जून 25)। ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अरागची ने अमेरिका द्वारा ईरान के परमाणु स्थलों पर किए गए हमलों पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने अमेरिका को ‘पूरी तरह जिम्मेदार’ ठहराते हुए कहा कि अब कोई कूटनीतिक विकल्प शेष नहीं रह गया है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यदि ईरान की ओर से कोई जवाबी कार्रवाई होती है, तो उसका दोष वाशिंगटन पर ही होगा।
तुर्किये के इस्तांबुल शहर में मीडिया से बात करते हुए अरागची ने कहा, 'अमेरिका ने सभी लक्ष्मण रेखाएं पार कर दी हैं। परमाणु प्रतिष्ठानों पर हमला करके उन्होंने अंतिम और सबसे खतरनाक रेखा लांघ दी है।' अरागची के मुताबिक, अब जब वॉशिंगटन ने सीधे ईरान के परमाणु बुनियादी ढांचे पर हमला किया है, तो ईरान के पास रक्षा करने के सिवाय कोई और विकल्प नहीं बचा है। ईरानी विदेश मंत्री ने यह स्वीकार किया कि आम तौर पर कूटनीति के रास्ते खुले रहने चाहिए, लेकिन मौजूदा स्थिति में वह दरवाज़ा भी बंद हो चुका है।उन्होंने कहा, 'अमेरिकी युद्धोन्माद और अराजकता के इस प्रशासन को उसके खतरनाक और दूरगामी परिणाम भुगतने होंगे।' अरागची ने यह भी बताया कि वे रविवार शाम रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से मुलाकात करने के लिए मास्को रवाना होंगे। माना जा रहा है कि दोनों नेता इस गंभीर हालात पर चर्चा करेंगे और संभावित सैन्य व रणनीतिक सहयोग पर निर्णय ले सकते हैं।