इंदौर (14 अगस्त 24)। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि 21वीं सदी बौद्धिक युग की अग्रणी सदी है। कॉग्निजेंट कंपनी के आगमन से मध्यप्रदेश के युवाओं को रोजगार के नए अवसर मिलेंगे। उन्होंने कहा 18 एवं 19 वीं सदी खाद्य और कपास से आर्थिक विकास से जुडी थी। 20 वीं सदी पेट्रोकेमिकल से आर्थिक विकास का युग रहा। आज चहुँओर बौद्धिकता का बोलबाला है। दुनिया, भारत के ज्ञान का लोहा मानती है। उन्होंने कहा कि आईटी कम्पनियों को बेहतर वातावरण और सुविधाएं प्रदान करने के लिए मध्यप्रदेश सरकार सदैव तत्पर है। ये हमारे लिए बेहद खुशी की बात है कि कॉग्निजेंट ने अपने नए केंद्र के शुभारंभ के लिए इंदौर को चुना है। यह एक बड़ी उपलब्धि है, जिससे जाहिर होता है कि इंदौर अपने बढ़ते इन्फ्रास्ट्रक्चर और कुशल एवं प्रतिभाशाली लोगों की मौजूदगी की वजह से दुनिया भर की टेक्नोलॉजी कंपनियों के लिए बड़ी तेजी से पसंदीदा स्थान के रूप में उभर रहा है। आईटी सेक्टर में आज इंदौर के साथ ही प्रदेश को एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मिली। लगभग 500 की संख्या में आईटी प्रोफेशनल्स को यहां रोजगार मिला है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव आईटी कम्पनी कॉग्निजेंट के इन्दौर सेन्टर के शुभारंभ अवसर पर संबोधित कर रहे थे।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हम लगातार नई तकनीकी कंपनियों एवं उद्योगों को स्थापित करने में अपना सहयोग देने, व्यवसायों के लिए नए-नए अवसर पैदा करने के इरादे पर अटल हैं। हम एक ऐसा माहौल बनाना चाहते है जिससे इनोवेशन एवं टेक्नोलॉजी का लगातार विकास हो, जो हमारे राज्य को देश के अगले डिजिटल केंद्र के रूप में आगे बढ़ाते हुए हमारे युवाओं के लिए अवसर पैदा करें। कार्यक्रम में नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय, जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट, सांसद सांसद शंकर लालवानी, विधायक रमेश मेंदोला, गोलू शुक्ला, गौरव रणदीवे, चिंटू वर्मा, प्रमुख सचिव संजय दुबे, संभागायुक्त दीपक सिंह, पुलिस कमिश्नर राकेश गुप्ता, कलेक्टर आशीष सिंह सहित गणमान्यजन, कॉग्निजेंट के प्रतिनिधि आदि उपस्थित थे।