नईदिल्ली (14 जून 25)। इजरायल और ईरान के बीच बढ़ते तनाव को लेकर भारत सरकार सतर्क है लेकिन एक वरिष्ठ सरकारी अधिकारी के अनुसार, इस संघर्ष का भारत की अर्थव्यवस्था पर फिलहाल कोई बड़ा असर नहीं पड़ेगा। उन्होंने कहा कि यदि यह टकराव और अधिक बढ़ता है, तभी भारत को अधिक नुकसान हो सकता है। सरकार स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है।
एक रिपोर्ट के अनुसार, अधिकारी ने माना कि इस संघर्ष के कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में तेजी आ सकती है। इससे भारतीय शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव, रुपए की कमजोरी और समुद्री मालवाहन खर्चों में वृद्धि देखी जा सकती है। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि मौजूदा स्थिति में इसका सटीक असर बताना कठिन है। वित्त मंत्रालय और अन्य संबंधित संस्थाएं बाजार पर लगातार नजर रख रही हैं।
अधिकारी ने भरोसा जताया कि भारत की अर्थव्यवस्था मजबूत है और ऐसे वैश्विक झटकों से निपटने में सक्षम है। उनका मानना है कि यदि कीमतों में कोई असर पड़ता भी है, तो वह अस्थायी होगा और दीर्घकालिक प्रभाव की संभावना कम है। शुक्रवार को भारतीय शेयर बाजार में गिरावट दर्ज की गई, जो वैश्विक बाजारों में गिरावट के अनुरूप थी। इजरायल-ईरान तनाव के चलते निवेशकों में भय का माहौल था, जिसके कारण उन्होंने अपनी पूंजी बाजार से निकालनी शुरू कर दी।