नईदिल्ली (12 मार्च 26)। भारत में अमेरिका के राजदूत सर्जिओ गोर ने वैश्विक तेल बाजार को स्थिर बनाए रखने में भारत की भूमिका की सराहना की है। उन्होंने कहा कि इंडिया दुनिया के सबसे बड़े तेल उपभोक्ताओं और रिफाइनिंग केंद्रों में से एक है और वैश्विक ऊर्जा बाजार को संतुलित रखने में उसकी भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है।सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट करते हुए गोर ने कहा कि भारत दुनिया में तेल की कीमतों को स्थिर रखने में एक मजबूत साझेदार रहा है।उन्होंने कहा कि यूएस और भारत के लिए ऊर्जा बाजार की स्थिरता सुनिश्चित करने के लिए मिलकर काम करना जरूरी है, जिससे दोनों देशों के नागरिकों को फायदा हो सके।
गोर ने कहा कि भारत द्वारा रूस से तेल खरीद भी वैश्विक बाजार को संतुलित रखने के प्रयासों का हिस्सा है। उन्होंने कहा कि भारत जैसे बड़े उपभोक्ता और रिफाइनिंग केंद्र के साथ सहयोग ऊर्जा बाजार की स्थिरता के लिए बेहद जरूरी है। इससे पहले व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने कहा था कि पश्चिम एशिया में बढ़ते संघर्ष के कारण वैश्विक तेल आपूर्ति प्रभावित होने की आशंका के बीच अमेरिका ने भारत को रूसी तेल स्वीकार करने की अस्थायी अनुमति दी है। अमेरिका का कहना है कि यह कदम ऊर्जा बाजार में आई अस्थायी कमी को पूरा करने के लिए उठाया गया है और इससे रूस को कोई बड़ा आर्थिक लाभ नहीं होगा।अमेरिका के वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट ने भी घोषणा की थी कि भारत को रूसी तेल खरीदने के लिए 30 दिनों की अस्थायी छूट दी गई है।