Tuesday, 29 Sep 2026

उज्जैन में कल ‘महाकाल: द मास्टर ऑफ टाइम’ सम्मेलन

उज्जैन (02 अप्रैल 26)। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव शुक्रवार को उज्जैन में आयोजित अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन ‘महाकाल: द मास्टर ऑफ टाइम’ अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन का तारामंडल परिसर में शुभारंभ करेंगे। साथ ही उज्जैन साइंस सेंटर का लोकार्पण भी करेंगे। सम्मेलन 3 से 5 अप्रैल तक उज्जैन के समीप डोंगला डिजिटल प्लेनेटेरियम परिसर में आयोजित किया गया है। उद्घाटन सत्र में केंद्रीय शिक्षा मंत्री श्री धर्मेन्द्र प्रधान, केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री गजेन्द्र सिंह शेखावत, इसरो के अध्यक्ष डॉ. वी. नारायणन और विचारक लेखक सुरेश सोनी भी शामिल होंगे।

बाबा महाकाल और सम्राट विक्रमादित्य की पावन नगरी उज्जैन प्राचीन काल से ही काल गणना और खगोल विज्ञान के अनुसंधान की वैश्विक धुरी रही है। एक बार फिर अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर वैज्ञानिक और शोधकर्ता यहां बौद्धिक समागम के लिये एकत्रित हो रहे हैं। भारतीय ज्ञान परंपरा और आधुनिक अंतरिक्ष विज्ञान के समन्वय पर केंद्रित यह सम्मेलन देश-विदेश के वैज्ञानिकों, खगोलविदों, शिक्षाविदों, शोधार्थियों, नीति-निर्माताओं तथा अंतरिक्ष क्षेत्र के विशेषज्ञों को शोध और विचार प्रस्तुत करने का साझा मंच उपलब्ध कराएगा। उज्जैन में 15 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से निर्मित नव-निर्मित साइंस सेंटर में गैलरी ऑन साइंस, आउटडोर साइंस पार्क, इनोवेशन एवं स्टूडेंट एक्टिविटी हॉल, हेरिटेज थीम आधारित गैलरी और एग्जिबिट डेवलपमेंट लैब जैसी सुविधाएं विकसित की गई हैं। इससे विद्यार्थियों, शोधार्थियों और आमजन में वैज्ञानिक सोच को प्रोत्साहन मिलेगा।

सम्मेलन में यूएवी (मानवरहित विमान), आरसी (रिमोट कंट्रोल) तकनीक और सैटेलाइट निर्माण जैसे विषयों पर विशेष कार्यशालाएं आयोजित की जाएंगी। इसके साथ ही सूर्य के सन स्पॉट का सुरक्षित अवलोकन, टेलीस्कोप से रात्रि आकाश का अध्ययन, विद्यार्थी-शिक्षक संवाद तथा अंतरिक्ष तकनीक आधारित प्रशिक्षण सत्र भी आयोजित होंगे, जिनका उद्देश्य युवाओं में तकनीकी कौशल, नवाचार क्षमता तथा अंतरिक्ष विज्ञान के प्रति रुचि को बढ़ावा देना है।

Tags:

Follow us

This question is not available..!