कठुआ (31 मई 25)। कठुआ जिला के हीरानगर सेक्टर के सीमावर्ती क्षेत्र लौंडी में शनिवार को ऑपरेशन शील्ड के तहत मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया। इस दौरान सुरक्षा एजेंसियों ने आपातकालीन स्थिति में स्थानीय लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए विभिन्न रणनीतियों का प्रदर्शन किया। मॉक ड्रिल में SDRF, सेना अधिकारी, जम्मू-कश्मीर पुलिस तथा प्रशासन के अधिकारी मौजूद रहे। मॉक ड्रिल का मुख्य उद्देश्य सीमावर्ती गांवों और स्कूलों में किसी भी आकस्मिक आपदा या घुसपैठ की स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया देना था।
सुरक्षा बलों ने इस अवसर पर आतंकवादी हमले, गोलाबारी या अन्य आपात स्थितियों से निपटने के तरीके समझाए। SDRF ने स्कूली बच्चों और लोगों को सिखाया कि मुठभेड़ जैसी घटनाओं में वे कैसे अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करें। इस मॉक ड्रिल के माध्यम से सुरक्षा एजेंसियों ने यह संदेश दिया कि सीमावर्ती क्षेत्रों में रहने वाले लोगों की सुरक्षा उनके लिए सर्वोच्च प्राथमिकता है। इस दौरान स्थानीय लोगों ने भी सक्रिय रूप से भाग लिया और अपनी जिज्ञासाओं को अधिकारियों से सांझा किया। अधिकारियों ने उन्हें आश्वासन दिया कि किसी भी आपात स्थिति में वे पूरी तरह से तैयार हैं और सीमावर्ती इलाकों में हर समय चौकसी बरती जा रही है। मॉक ड्रिल की सफलता को लेकर जिला प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों ने संतोष जताया। उन्होंने कहा कि इस तरह के अभ्यास भविष्य में भी समय-समय पर जारी रहेंगे ताकि सीमावर्ती इलाकों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित माहौल मिल सके।