नईदिल्ली (21 दिसंबर 24)। दिल्ली पुलिस ने शुक्रवार को पुष्टि की कि संसद परिसर में हाल ही में हुई झड़प के मामले और इससे संबंधित दोनों शिकायतों (भाजपा और कांग्रेस की) की जांच अपराध शाखा को सौंप दी गई है। भाजपा की शिकायत के आधार पर कांग्रेस नेता और लोकसभा सांसद राहुल गांधी के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। गुरुवार को भाजपा द्वारा शिकायत दर्ज कराए जाने के कुछ ही घंटों बाद पुलिस ने राहुल गांधी पर 'शारीरिक हमला' और 'उकसाने' के आरोप में प्राथमिकी दर्ज की। भाजपा ने आरोप लगाया कि यह घटना संसद के प्रवेश द्वार पर हुई, जहां एनडीए और विपक्षी सांसदों के बीच झड़प हुई। इस घटना में पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रताप चंद्र सारंगी और भाजपा सांसद मुकेश राजपूत घायल हो गए।
पुलिस के अनुसार, प्राथमिकी भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 115 (स्वेच्छा से चोट पहुंचाने का प्रयास), 117 (गंभीर चोट पहुंचाने का प्रयास), 125 (दूसरों की जान या सुरक्षा को खतरे में डालने का कार्य), 131 (आपराधिक बल का प्रयोग), 351 (आपराधिक धमकी), और धारा 3(5) (सामान्य इरादा) के तहत दर्ज की गई है। इनमें से अधिकांश धाराएं जमानती हैं, लेकिन धारा 117 गैर-जमानती है, जिसके तहत दोषी पाए जाने पर सात साल से लेकर आजीवन कारावास तक की सजा हो सकती है। पुलिस ने कहा कि मामले की जांच के दौरान राहुल गांधी को पूछताछ के लिए बुलाया जा सकता है। इसके अलावा, लोकसभा सचिवालय से उस क्षेत्र की सीसीटीवी फुटेज भी मांगी जाएगी, जहां घटना होने का दावा किया गया है।