सतारा (25 नवंबर 24)। राकांपा (सपा) प्रमुख शरद पवार ने रविवार को कहा कि लाड़की बहन योजना, महिलाओं की बड़ी संख्या में मतदान में भागीदारी और धार्मिक ध्रुवीकरण ने महाराष्ट्र विधानसभा चुनावों में महायुति की जीत में भूमिका निभाई होगी। उन्होंने कहा कि शनिवार को घोषित चुनाव परिणाम उम्मीद के मुताबिक नहीं हैं, लेकिन वे पार्टी को पुनर्जीवित करेंगे। सक्रिय राजनीति से संन्यास लेने के बारे में पूछे गए सवाल का जवाब देते हुए पवार ने कहा कि वे और उनकी पार्टी के साथी इस बारे में फैसला करेंगे।
सतारा जिले के कराड शहर में पत्रकारों से बात करते हुए पवार ने माना कि उनके भतीजे और उपमुख्यमंत्री अजित पवार के नेतृत्व वाली राकांपा ने राकांपा (शरदचंद्र पवार) से अधिक सीटें हासिल की हैं। उन्होंने कहा, 'हर कोई जानता है कि राकांपा की स्थापना किसने की थी।' उन्होंने कहा, 'लाड़की बहन योजना और धार्मिक ध्रुवीकरण ने भूमिका निभाई। महिलाओं की बड़ी संख्या में भागीदारी महाराष्ट्र में महायुति की जीत का कारण हो सकती है। हम पराजय के कारणों का अध्ययन करेंगे और आवश्यक कदम उठाएंगे।' पवार ने कहा कि एनसीपी (सपा) नए नेतृत्व में नई ऊर्जा भरकर लोगों के बीच जाएगी। शिवसेना (यूबीटी) नेता संजय राउत द्वारा महायुति के पक्ष में आए बड़े जनादेश पर संदेह जताए जाने के एक दिन बाद ईवीएम पर पूछे गए सवाल का जवाब देते हुए पवार ने कहा कि वह ईवीएम के बारे में तभी बोलेंगे जब उनके पास आधिकारिक आंकड़े होंगे।