बीजिंग (10 फरवरी 25)। सिर्फ एक महीने में, चीन ने ऐसे अभूतपूर्व कदम उठाए हैं, जिससे दुनिया, खासकर अमेरिका हैरान रह गया है। तकनीकी नवाचारों से लेकर वैश्विक व्यापार पर हावी होने तक देश की तेज तरक्की किसी असाधारण बात से कम नहीं है। DeepSeek नामक एक चीनी AI मॉडल इस हफ़्ते से तेज़ी से Apple Store डाउनलोड में शीर्ष पर पहुंच गया है। इसने निवेशकों को चौंका दिया और कुछ टेक स्टॉक के मूल्यों में गिरावट ला दी। सिलिकॉन वैली को हिला देने वाले AI मॉडल ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प को अमेरिकी कंपनियों के लिए ‘वेक-अप कॉल’ जारी करने के लिए प्रेरित किया, जिसमें उनसे ‘जीतने के लिए प्रतिस्पर्धा’ पर ध्यान केंद्रित करने का आग्रह किया गया। इसे 20 जनवरी को जारी किया गया, जिसने AI को तुरंत प्रभावित किया।
AI-संचालित चैटबॉट, डीपसीक का ऐप जल्द ही ऐप्पल के ऐप स्टोर चार्ट में शीर्ष पर पहुंच गया, जो कि उन्नत AI चिप्स तक चीनी पहुंच पर अमेरिकी प्रतिबंधों को देखते हुए एक उल्लेखनीय उपलब्धि है। Nvidia जैसी प्रमुख टेक फर्मों के शेयरों में भारी गिरावट आई, जिससे चिप दिग्गज को बाजार मूल्य में लगभग $600bn (£482bn) का नुकसान हुआ। डीपसीक के प्रतिस्पर्धी AI नवाचार से उत्पन्न झटके ने तकनीकी क्षेत्रों में व्यापक अस्थिरता को जन्म दिया। OpenAI के ChatGPT के रिलीज़ के साथ Nvidia के स्टॉक में उछाल आने के बाद, हाल ही में इसे भारी गिरावट का सामना करना पड़ा, जिससे इसके मूल्य में लगभग $600 बिलियन का नुकसान हुआ। डीपसीक की प्रगति पर प्रतिक्रिया देते हुए, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा है कि चीन द्वारा चैटबॉट का लॉन्च कृत्रिम बुद्धिमत्ता पर हावी होने की वैश्विक दौड़ में अमेरिकी टेक फर्मों के लिए एक 'wake-up call' है।