नईदिल्ली (21 मई 24)। लोकसभा चुनाव में धनबल और प्रलोभन पर चुनाव आयोग की दृढ़ एवं ठोस कार्रवाई से एजेंसियों ने 8,889 करोड़ रुपये की जब्ती की है। ड्रग्स और साइकोट्रोपिक पदार्थों सहित प्रलोभनों के खिलाफ बढ़ी हुई सतर्कता के कारण बड़ी जब्ती और कार्रवाई में निरंतर वृद्धि हुई है। आयोग ने नारकोटिक्स और साइकोट्रोपिक पदार्थों की जब्ती पर विशेष जोर दिया है। आंकड़ों के विश्लेषण से पता चलता है कि जो राज्य/केंद्र शासित प्रदेश ट्रांजिट जोन हुआ करते थे, वे तेजी से उपभोग क्षेत्र बनते जा रहे हैं। मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार ने एक समीक्षा दौरे के दौरान नोडल एजेंसियों को कहा कि 'चुनावों में मादक पदार्थों के व्यापार से प्राप्त अवैध धन की भूमिका को जड़ से समाप्त करने के लिए दवाओं और नशीले पदार्थों के खिलाफ एजेंसियों द्वारा सटीक खुफिया सूचना पर आधारित सहयोगात्मक प्रयास समय की आवश्यकता है तथा अधिक महत्वपूर्ण और समग्र रूप से, युवाओं और इस प्रकार देश के भविष्य को बचाने के लिए।' मादक पदार्थों की जब्ती में योगदान 3,958 करोड़ रुपये है जो कुल जब्ती का 45 प्रतिशत है।