मस्कट (11 जून 26)। ओमान के तट के पास जहाज एमटी जलवीर से जुड़ी घटना को लेकर बड़ी राहत की खबर सामने आई है। जहाज के इंजन रूम में आग लगने के कारण धुआं उठने की सूचना के बाद शुरू हुए बचाव अभियान में सभी भारतीय नाविक सुरक्षित पाए गए हैं। ओमान स्थित भारतीय दूतावास ने गुरुवार को बताया कि जहाज पर सवार चालक दल को सुरक्षित रूप से शिनास बंदरगाह पहुंचाने की प्रक्रिया चल रही है, जिसमें Royal Navy of Oman सहायता कर रही है।
सूत्रों के अनुसार, एमटी जलवीर पर कुल 20 भारतीय नाविक सवार थे और सभी सुरक्षित हैं। भारतीय दूतावास स्थानीय प्रशासन और ओमानी अधिकारियों के साथ मिलकर उनके सुरक्षित निकासी अभियान का समन्वय कर रहा है। दूतावास ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर कहा कि चालक दल को शिनास बंदरगाह तक पहुंचाने की प्रक्रिया जल्द पूरी कर ली जाएगी। जानकारी के अनुसार, जहाज के इंजन रूम में आग लगने के कारण धुआं उठने लगा था। घटना ओमान के सोहर (Sohar) बंदरगाह से लगभग 21 समुद्री मील उत्तर-पूर्व में हुई। ब्रिटेन की समुद्री निगरानी एजेंसी United Kingdom Maritime Trade Operations ने भी घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि एक टैंकर के इंजन रूम में आग लगी थी। हालांकि एजेंसी ने जहाज का नाम सार्वजनिक नहीं किया। यूकेएमटीओ के अनुसार, आग से किसी प्रकार के पर्यावरणीय नुकसान की सूचना नहीं मिली है और स्थानीय अधिकारी मामले की जांच कर रहे हैं।
समुद्री ट्रैकिंग वेबसाइट के अनुसार, एमटी जलवीर एक एस्फाल्ट/बिटुमेन टैंकर है, जो Guinea-Bissau के झंडे के तहत संचालित होता है। जिसकी लंबाई लगभग 120 मीटर, चौड़ाई लगभग 16.8 मीटर व श्रेणी एस्फाल्ट/बिटुमेन टैंकर है। एमटी जलवीर की घटना ऐसे समय सामने आई जब एक दिन पहले ही पलाऊ ध्वज वाले जहाज एमटी सेटेबेलो पर हुए हमले में तीन भारतीय नाविकों की मौत हो गई थी। उस घटना के बाद भारतीय समुदाय और समुद्री क्षेत्र में चिंता बढ़ गई थी। इसलिए जब जलवीर से धुआं उठने की खबर सामने आई तो आशंकाएं और बढ़ गईं। हालांकि अब सभी भारतीय नाविकों के सुरक्षित होने की पुष्टि से राहत मिली है। भारतीय दूतावास ने कहा है कि वह पूरे घटनाक्रम पर करीबी नजर रखे हुए है और स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर यह सुनिश्चित कर रहा है कि सभी चालक दल सदस्य सुरक्षित रूप से तट तक पहुंच जाएं।