जयपुर (17 नवंबर 24)। राजस्थान के जयपुर में कथा कहने आए जगद्गुरु स्वामी रामभद्राचार्य ने आरक्षण के मुद्दे पर एक बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा, 'सरकारों को जाति के आधार पर आरक्षण समाप्त करके इसे आर्थिक आधार पर देना चाहिए।' उनका मानना है कि यह कदम जल्द ही उठाया जाएगा, जिससे समाज में जातिवाद को खत्म किया जा सकेगा। स्वामी रामभद्राचार्य ने कहा, 'हमने सवर्ण समाज में जन्म लेकर कोई पाप नहीं किया है।' उन्होंने आगे कहा, 'अगर एक सवर्ण का बच्चा 100 प्रतिशत अंक लाकर जूता सीए और 4 % लाकर SC का बच्चा नौकरी पाए, तो इसे समाप्त करना होगा।' उनका तर्क था कि जाति के आधार पर आरक्षण को खत्म कर, आर्थिक आधार पर आरक्षण लागू करना चाहिए। इससे जातिवाद और गृह युद्ध की स्थिति स्वतः समाप्त हो जाएगी। स्वामी रामभद्राचार्य ने अपने विचारों को और स्पष्ट करते हुए कहा, 'कोई SC, ST, OBC नहीं, सब हिंदू एक हैं और सब भारतीय एक हैं। आर्थिक आधार पर आरक्षण कर दो, तब यह जातिवाद का मुद्दा खत्म हो जाएगा।' उन्होंने यह भी कहा कि हिंदू धर्म में कोई छुआछूत नहीं है। उनका मानना था कि सभी जातियों के बीच कोई अंतर नहीं होना चाहिए, और हिंदू धर्म में समानता की बात को बढ़ावा देना चाहिए।