भोपाल (05 अक्टूबर 24)। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि विश्वविद्यालय का दीक्षांत समारोह विद्यार्थियों के जीवन का महत्वपूर्ण पड़ाव होता है। मात्र पाठ्यक्रम तक सीमित रहने वालों को शिक्षक कहा जा सकता है, परंतु जो विद्यार्थी के संपूर्ण व्यक्तित्व विकास पर ध्यान देते हैं, उन्हें सम्मानपूर्वक गुरु का संबोधन प्राप्त होता है। विश्वविद्यालय, विद्यार्थियों के संपूर्ण व्यक्तित्व विकास के लिए आवश्यक वातावरण, सुविधा और मार्गदर्शन उपलब्ध कराते हैं, इसलिये प्रदेश के विश्वविद्यालय के कुलपति को कुलगुरु का संबोधन प्रदान किया गया है, जो भारतीय परंपरा के अनुकूल है। शैक्षणिक संस्थाओं का उत्साह से भरपूर वातावरण और दीक्षांत समारोह की गरिमा विद्यार्थियों में आत्म-विश्वास का संचार करती है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव कोठरीकलां जिला सीहोर में वीआईटी भोपाल यूनिवर्सिटी के 5वें वार्षिक दीक्षांत समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने विश्वविद्यालय परिसर में महिला छात्रावास ब्लॉक-2 एवं पुरूष छात्रावास ब्लॉक-6 का लोकार्पण भी किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि वेल्लोर इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी देश के सर्वश्रेष्ठ शिक्षण संस्थानों में से एक है। यहां प्रवेश लेने वाले विद्यार्थियों का प्लेसमेंट सुनिश्चित है। यहाँ भोपाल सहित अमरावती, वेल्लोर, तमिलनाडु के विश्वविद्यालय भारतीय युवाओं को भविष्य के लिए तैयार कर रहे हैं, जो प्रधानमंत्री श्री मोदी की दूरदर्शिता के अनुरूप है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव का अंग वस्त्रम पहना कर स्वागत किया गया। उन्होंने एक पौधा भी लगाया। दीक्षांत समारोह के प्रारंभ में वेल्लोर इंस्टीट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी की स्थापना, संचालित अकादमी गतिविधियों , विद्यार्थियों की उपलब्धियों और विस्तार योजनाओं के संबंध में जानकारी दी गई। राजस्व मंत्री करण सिंह वर्मा, पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कृष्णा गौर, विधायक सुदेश राय, विधायक गोपाल सिंह इंजीनियर, वीआईटी. समूह के संस्थापक सह चांसलर डॉ. जी. विश्वनाथन तथा रिलायंस जियो और रिलायंस रिटेल के प्रेसिडेंट डॉ. रवि पी गांधी सहित वरिष्ठ अधिकारी व जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।