सहारनपुर (12 जून 25)। उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले से बिजली विभाग की लापरवाही का मामला सामने आया है। जहां के नकुड़ विधानसभा क्षेत्र के गांव बहरामपुरा में पंचायत सचिवालय के नाम पर बिना किसी कनेक्शन, पोल या मीटर के 82,354 रुपए का बिजली बिल जारी कर दिया गया। यह मामला अब क्षेत्र में गंभीर आक्रोश और प्रशासनिक उदासीनता का प्रतीक बन चुका है।
ग्राम प्रधान विक्रम सिंह राठौड़ ने जानकारी दी कि पंचायत भवन का निर्माण वर्ष 2023 में शुरू हुआ, लेकिन बिजली विभाग ने अप्रैल 2022 से ही बिलिंग शुरू कर दी। हैरानी की बात यह है कि मौके पर आज तक कोई बिजली का खंभा, तार या मीटर तक नहीं लगा है और ना ही किसी प्रकार का आवेदन किया गया।प्रधान राठौड़ का आरोप है कि बिना किसी भौतिक सत्यापन के, विभाग ने अपनी रिपोर्ट में दर्शा दिया कि वहां बिजली कनेक्शन चालू है। दिसंबर 2024 में जब उन्हें पहली बार 70,694 रुपए का बिल थमाया गया, तो उन्होंने विभाग से संपर्क कर आपत्ति जताई। लेकिन अब तक न कोई संशोधन हुआ और न ही किसी अधिकारी ने जिम्मेदारी ली। जनवरी 2025 में बिल की राशि बढ़कर 82,354 रुपए हो चुकी है। जबकि भवन अब भी निर्माणाधीन है और बिजली फिटिंग तक नहीं हुई है। 16 दिसंबर को अधिशासी अभियंता को लिखित शिकायत दी गई, लेकिन विभागीय अधिकारी अब तक फाइलें टालते और एक-दूसरे पर जिम्मेदारी डालते नजर आ रहे हैं।
प्रधान ने इस मामले को एसडीएम तक भी पहुंचाया, लेकिन विभाग की रिपोर्ट में फिर वही झूठ दोहराया गया कि कनेक्शन चालू है। विक्रम सिंह राठौड़ ने इसे 'ग्राम पंचायत को नुकसान पहुंचाने की साजिश और भ्रष्टाचार की मिसाल' बताया है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई, तो वे उच्च अधिकारियों से शिकायत और कानूनी कार्रवाई करेंगे। पूरे गांव में बिजली विभाग की इस हरकत से गहरा रोष है। वहीं, जब पत्रकारों ने इस मामले में विभागीय अधिकारियों से संपर्क किया, तो कोई भी अधिकारी जवाब देने को तैयार नहीं हुआ।