नईदिल्ली (24 मार्च 26)। संसद के बजट सत्र के दूसरे चरण में आज पीएम मोदी ने पश्चिम एशिया के मौजूदा हालात और भारत पर इसके प्रभाव को लेकर सदन को संबोधित किया। पीएम ने कहा है कि बीते तीन सप्ताह से चल रहे इस युद्ध ने भारत के लिए कई अप्रत्याशित चुनौतियां खड़ी कर दी हैं, लेकिन सरकार भारतीयों की सुरक्षा और देश की अर्थव्यवस्था को स्थिर रखने के लिए पूरी तरह मुस्तैद है।
पीएम मोदी ने सदन को विश्वास दिलाया है कि भारत ने पिछले 11 वर्षों में अपनी ऊर्जा जरूरतों के लिए अन्य देशों पर निर्भरता को विकेंद्रीकृत किया है। उन्होंने कहा है कि भारत अब 27 के बजाय 41 देशों से कच्चा तेल आयात कर रहा है। वर्तमान में भारत के पास 53 लाख मीट्रिक टन क्रूड ऑयल का रिजर्व है, जिसे 65 लाख मीट्रिक टन तक ले जाने का लक्ष्य है। सरकार हर उस पक्ष से संवाद कर रही है जिससे जरूरी सामान वाले जहाज सुरक्षित भारत पहुँच सकें। Strait of Hormuz में फंसे कई भारतीय जहाज सुरक्षित वापस आ चुके हैं। पीएम मोदी ने कहा कि वैश्विक बाजार में यूरिया की कीमतें बढ़ने के बावजूद भारत सरकार ने किसानों पर इसका बोझ नहीं पड़ने दिया। 3000 रुपए की बोरी किसानों को 300 रुपए से भी कम में उपलब्ध कराई गई। उन्होंने आगामी खरीफ सीजन के लिए पर्याप्त खाद और खाद्यान्न भंडार होने का दावा भी किया।