उज्जैन (02 दिसंबर 24)। केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जेपी नड्डा ने रविवार को उज्जैन प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मौजूदगी में सिंहस्थ-2028 की कार्ययोजना और तैयारियों संबंधी प्रेजेंटेशन देखा। केन्द्रीय मंत्री नड्डा ने सिंहस्थ के लिये तैयार की गई विकास कार्ययोजना के प्रेजेंटेशन की सराहना की। उन्होंने कहा कि जिस सोच के साथ कार्ययोजना तैयार की गई है उसे जमीन पर उतारा गया तो उज्जैन अपनी संस्कृतिक, धार्मिक, पौराणिक विरासत को संजोने में सफल होगा। उज्जैन अपनी धार्मिक, सांस्कृतिक और पौराणिक विरासत को समेटे हुए हैं। सिंहस्थ के लिये तैयार की गई कार्ययोजना से उज्जैन का पुरातन वैभव पुनः लौटेगा और राजा विक्रमादित्य की अवंतिका का स्वरूप प्राप्त होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रेजेंटेशन के दौरान कपिला गौशाला और शिप्रा को प्रवाहमान बनाने की कार्ययोजना की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि इस कार्ययोजना से कम से कम कीमत में क्षिप्रा को अविरल एवं स्वच्छ कर पाएंगे। सिंहस्थ 2028 में क्षिप्रा नदी में क्षिप्रा के जल से ही स्नान होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गौवंश को सुरक्षित करने की कार्ययोजना के संबंध में बताया कि सभी प्रमुख शहरों में 10 हजार गौवंश को रखने के लिए गौशालाएं बनाई जा रही हैं। कम से कम खर्चे और कम से कम मानव शक्ति का प्रयोग कर इन गौशालाओं का संचालन किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने बताया कि इस बार सिंहस्थ में क्षिप्रा नदी के दोनों ओर बेसाल्ट पत्थर से स्थायी घाटों का निर्माण होगा, जिससे आने वाले समय में क्षिप्रा नदी के स्वरुप को स्थायित्व मिलेगा और आगामी सिंहस्थों में अतिरिक्त घाटों के निर्माण की आवश्यकता नहीं होगी। इस अवसर पर नये कलेक्ट्रेट भवन, यूनिटी मॉल, श्री महाकाल भक्त निवास, मेडिसिटी के रुप में उज्जैन में बनने जा रहे मेडिकल हब की कार्ययोजना, विक्रम उद्योगपुरी एवं आई.टी. पार्क का भी प्रेजेंटेशन हुआ।