नईदिल्ली (21 मई 24)। दिल्ली के उपराज्यपाल वी.के सक्सेना ने मंगलवार को कहा कि आम आदमी पार्टी (आप) की राज्यसभा सदस्य के साथ कथित मारपीट पर मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की 'गहरी चुप्पी महिलाओं की सुरक्षा पर उनके रुख के बारे में बहुत कुछ बोलती है' और कहा कि मुख्यमंत्री को इस घटना पर 'टाल-मटोल' और 'पैंतरेबाजी' नहीं करनी चाहिए। ‘आप' ने पलटवार करते हुए कहा कि उपराज्यपाल का पत्र साबित करता है कि 'मालीवाल भाजपा के इशारे पर काम कर रही हैं।' राज्यसभा सदस्य स्वाति मालीवाल ने 13 मई को दिल्ली के मुख्यमंत्री के आधिकारिक आवास पर उनके साथ मारपीट किए जाने का आरोप लगाया था जिसके बाद दिल्ली पुलिस ने शनिवार को केजरीवाल के सहयोगी विभव कुमार को गिरफ्तार कर लिया।
राज निवास ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स' पर एक बयान जारी किया है, जिसमें सक्सेना ने कहा कि दिल्ली पुलिस मामले की जांच कर रही है और इसे 'तार्किक निष्कर्ष' पर पहुंचाया जाएगा। उन्होंने इस मामले पर आम आदमी पार्टी द्वारा उसके रुख को बदल लिये जाने को भी 'चौकाने वाला' बताया। उपराज्यपाल ने कहा, 'आम आदमी पार्टी की सांसद स्वाति मालीवाल के साथ मुख्यमंत्री के आवास पर कथित मारपीट के मुद्दे पर पिछले कुछ दिनों से मीडिया में चल रही खबरों से मैं बहुत व्यथित हूं।'
सक्सेना ने कहा, 'कल, उन्होंने बेहद पीड़ा से मुझे फोन किया और अपने दर्दनाक अनुभव और उसके बाद अपने ही सहयोगियों द्वारा उन्हें धमकाने और शर्मसार करने के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने सबूतों से कथित छेड़छाड़ और उनपर दबाव डालने पर भी चिंता व्यक्त की।' केजरीवाल पर सेक्सना ने कहा, 'कम से कम शिष्टता के खातिर ही मेरे मुख्यमंत्री टाल-मटोल और पैंतरेबाजी करने के बजाय सफाई देते। उनकी गहरी चुप्पी महिलाओं की सुरक्षा पर उनके रुख के बारे में बहुत कुछ बताती है।' उन्होंने कहा कि दिल्ली राष्ट्रीय राजधानी है और पूरी दुनिया के राजनयिक यहां रहते हैं तथा 'ऐसी शर्मनाक घटनाएं और महिला सुरक्षा के मुद्दे पर सरकार की असंवेदनहीन, षडयंत्रकारी तिरस्कारपूर्ण प्रतिक्रिया पूरी दुनिया में भारत की छवि को धूमिल करती है।'