पोर्टलुईस (14 मार्च 25)। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की हालिया यात्रा के दौरान भारत और मॉरीशस ने धनशोधन, भ्रष्टाचार, धोखाधड़ी, संपत्ति बरामदगी और अवैध गतिविधियों के वित्तपोषण से निपटने में सहयोग बढ़ाने के लिए एक समझौते पर हस्ताक्षर किए। ईडी ने बृहस्पतिवार को यह बात कही। संघीय जांच एजेंसी ने एक बयान में कहा कि प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) और मॉरीशस के वित्तीय अपराध आयोग (एफसीसी) के बीच सहयोग से वित्तीय प्रवर्तन क्षमताओं को बढ़ावा मिलेगा और दोनों देशों के बीच व्यापक आर्थिक और सुरक्षा सहयोग में भी योगदान मिलेगा।
मोदी और मॉरीशस के प्रधानमंत्री नवीनचंद्र रामगुलाम की उपस्थिति में समझौते पर हस्ताक्षर किए गए। ईडी के अनुसार, समझौता ज्ञापन पर विचार-विमर्श के दौरान ईडी और एफसीसी ने सीमा पार धनशोधन अपराधों का पता लगाने, जांच करने और मुकदमा चलाने के लिए ‘‘संयुक्त अभियान'' की संभावनाओं का पता लगाया। उन्होंने दोनों संगठनों के अधिकारियों के बीच आदान-प्रदान कार्यक्रमों, अनुभव साझा करने, प्रशिक्षण और दक्षता विकास के महत्व को भी रेखांकित किया। बयान में कहा गया कि ईडी निदेशक राहुल नवीन ने वित्तीय अपराध जांच में एजेंसी की विशेषज्ञता, धनशोधन के मुकदमों में इसकी ‘उच्च' दोषसिद्धि दर तथा संपत्ति का पता लगाने, जब्ती और वसूली में इसके ‘‘सफल'' ट्रैक रिकॉर्ड पर प्रकाश डाला।