नईदिल्ली (20 मई 24)। विपक्ष ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की 'अल्पसंख्यकों के खिलाफ कभी एक शब्द भी नहीं बोलने' की टिप्पणी को लेकर सोमवार को उनकी आलोचना करते हुए कहा कि वह 'झूठ बोल रहे हैं' क्योंकि वह हर उपलब्ध मंच से मुसलमानों के खिलाफ ‘नफरत भरे भाषण' दे रहे हैं। मोदी ने ‘पीटीआई-वीडियो' को दिए साक्षात्कार में कहा है कि उन्होंने अल्पसंख्यकों के खिलाफ कभी एक शब्द भी नहीं बोला और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) केवल आज ही नहीं, बल्कि कभी भी अल्पसंख्यकों के खिलाफ नहीं रही है। हालांकि, प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि वह किसी को भी ‘विशेष नागरिक' के तौर पर स्वीकार करने को तैयार नहीं हैं। उनकी टिप्पणी पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) के महासचिव डी राजा ने कहा, 'यह पूरी तरह से झूठ है।'
मोदी जानते हैं कि वे (भाजपा) मुसलमानों के बारे में कैसी बात बोल रहे हैं। मंगलसूत्र, अधिक बच्चों को जन्म देने वाली माताओं के बारे में किसने बात की? मुसलमानों और अन्य अल्पसंख्यकों का अपमान किया गया है और उन्हें कई वाजिब अधिकारों से वंचित किया गया है।'' राजा ने आरोप लगाया कि भाजपा-आरएसएस (राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ) अल्पसंख्यकों को कमजोर करने और उनका उपहास करने के मंसूबे को आगे बढ़ा रहे हैं। राज्यसभा सदस्य कपिल सिब्बल ने कहा कि शिक्षा और स्वास्थ्य की कोई बात नहीं हो रही है जो हमें 'विकसित भारत' की ओर ले जाएगा, बल्कि मंगलसूत्र की चर्चा हो रही है। सिब्बल ने कहा, ‘वे देश के विकास के बारे में नहीं, बल्कि अपनी पार्टी के विकास के बारे में सोचते हैं।'