इंदौर (12 जून 25)। रघुवंशी की हत्या के आरोप में गिरफ्तार सोनम रघुवंशी और चार अन्य आरोपियों को शिलांग की एक अदालत ने 8 दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया। इस मामले की छानबीन करते दुए पुलिस के हाथ के ऐसा सुराग लगा, जिससे पुलिस को सोनम पर शक हो गया।
सोनम रघुवंशी ने मेघालय में अपने होटल के कमरे में अपना मंगलसूत्र छोड़ दिया था, जिससे राज्य की पुलिस को उस पर शक हुआ। डीआईजी डीएनआर मारक ने बताया कि 23 मई को होम स्टे छोड़ने से पहले सोनम अपना मंगलसूत्र और अंगूठी कमरे में भूल गई थी। जिसके बाद पुलिस को शक हआ कि जिस कपल की अभी-अभी शादी हुई हौ वो अपना मंगलसूत्र और अंगूठी सूटकेस में कैसे छोड़ सकती है। रिपोर्ट के मुताबिक डीआईजी डीएनआर मारक ने बताया कि होमस्टे के कमरे में हमें सोनम का मंगलसूत्र और अंगूठी सूटकेस में मिली, जिससे हमें पहला संदेह हुआ। पुलिस अधिकारी ने बताया कि सोनम एक कॉन्ट्रैक्ट किलर के साथ स्कूटी पर बैठी थी, जबकि बाकी दो हत्यारे दूसरी स्कूटी लेकर गए थे। वे राजा के शव को मावलखियात नामक स्थान पर ले गए और वहां शव को फेंक दिया।
डीआईजी ने बताया, 'अन्य आरोपियों ने कहा है कि सोनम ने भी शव को खाई में फेंकने में उनकी मदद की थी।' पुलिस अधिकारी ने बताया कि राजा और सोनम के पास दो-दो मोबाइल फोन थे, जिनमें से केवल एक ही बरामद हुआ है बाकी तीन फोन की तलाश जारी है। डीआईजी ने कहा कि सोनम का फोन अभी तक नहीं मिला है, जबकि एक अन्य आरोपी से इंदौर में जो कपड़े उसने वारदात के दिन पहने थे, उसे हम रिकवर कर चुके हैं और उसे जब्त कर लिया गया है। पूछताछ को लेकर उन्होंने बताया कि अभी तक आरोपियों को आमने-सामने बैठाकर पूछताछ नहीं हो पाई है। डीआईजी मारक ने आगे कहा कि अब तक सभी आरोपी एक-दूसरे को मास्टरमाइंड बता रहे हैं। सोनम का कहना है कि राज मास्टरमाइंड है, जबकि राज का कहना है कि सोनम ही इस साजिश की मुख्य सूत्रधार है। सच्चाई तभी सामने आएगी, जब सभी आरोपियों से आमने-सामने पूछताछ की जाएगी।