Wednesday, 07 Oct 2026

राज्यपाल से मिले 77वें आरआर बैच के प्रशिक्षु आईपीएस

भोपाल (05 अगस्त 25)। राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने कहा कि पुलिस के लिए जितना जरूरी कानून व्यवस्था बनाए रखना है, उतना ही जरूरी जनहितैषी छवि को पुख्ता बनाना भी है। इसलिए जरूरी है कि 'जनता के बीच आपकी उपस्थिति विश्वास का प्रतीक बने।' राज्यपाल पटेल भारतीय पुलिस सेवा के 77वें परिवीक्षाधीन प्रशिक्षु अधिकारियों को संबोधित कर रहे थे।

राजभवन में आयोजित कार्यक्रम में राज्यपाल के प्रमुख सचिव डॉ. नवनीत मोहन कोठारी और डीजीपी के प्रिन्सिपल स्टाफ ऑफिसर विनीत कपूर भी मौजूद रहे। भारत भ्रमण के तहत इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में मित्र राष्ट्र भूटान, नेपाल और मालदीव के अधिकारी भी शामिल हुए। राज्यपाल पटेल ने कहा कि पुलिस सेवा एक बड़ी जिम्मेदारी है, जिसमें अनुशासन, ईमानदारी, निष्पक्षता, संवेदनशीलता और जनसेवा समाहित है। पुलिस को आम जनता कानून व्यवस्था के रक्षक और न्याय दिलाने वाले के रूप में देखती है। उन्होंने कहा कि आईपीएस अधिकारी के रूप में मिलने वाली शक्तियां और विशेषाधिकार समाज के अंतिम पंक्ति के व्यक्ति की सेवा के साधन हैं। इसलिए अपने सेवा काल में हमेशा जनसेवा को ही केंद्र में रखें। राज्यपाल पटेल ने कहा कि साइबर अपराध वर्तमान समय की बड़ी चुनौतियों में से एक है। इसमें कमी लाना आप सबकी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। इसके लिए सतत जन जागरूकता और जन संवाद के नवाचार किया जाना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि जब भी दूरस्थ क्षेत्रों में जाएं तो गरीब, वंचित और कमजोर वर्गों के प्रति आत्मीय और संवेदनशील रहें। अपनी शिक्षा और मेधा का उपयोग जनता की सेवा में करें।

राज्यपाल पटेल का प्रशिक्षु अधिकारी श्री नारायण उपाध्याय ने पौधा भेंट कर स्वागत किया। उपाध्याय ने भारत भ्रमण के तहत विभिन्न प्रशिक्षण कार्यक्रमों की विस्तार से जानकारी भी दी। प्रशिक्षु अधिकारी सुश्री नीपा मनोचा और राहुल आर. अतराम ने स्मृति चिन्ह भेंट कर अभिनंदन किया। आभार प्रशिक्षु अधिकारी सुश्री सुषमा सागर ने माना। संचालन एआईजी ट्रेनिंग सुश्री श्रद्धा जोशी ने किया। राज्यपाल के अपर सचिव उमाशंकर भार्गव, विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी अरविंद पुरोहित और प्रशिक्षु अधिकारी उपस्थित थे।

Tags:

Follow us

This question is not available..!