Thursday, 01 Oct 2026

रेप केस में प्रज्वल रेवन्ना को जमानत देने से किया इनकार

बेंगलुरु (22 अक्टूबर 24)। कर्नाटक हाई कोर्ट ने जनता दल (एस) के निलंबित नेता प्रज्वल रेवन्ना की जमानत याचिका खारिज कर दी है। प्रज्वल रेवन्ना पर रेप और यौन उत्पीड़न के आरोप हैं। इस मामले की सुनवाई जस्टिस नागप्रसन्ना की अदालत में हुई, जिसने एक महीने पहले अपना फैसला सुरक्षित रखा था। प्रज्वल रेवन्ना पर यौन उत्पीड़न और रेप के तीन मामले दर्ज हैं। इन मामलों में उनकी जमानत की मांग को कोर्ट ने अस्वीकार कर दिया।

प्रज्वल रेवन्ना के वकील, वरिष्ठ अधिवक्ता प्रभुलिंग के. नवदगी ने सुनवाई के दौरान कई दलीलें पेश कीं। उन्होंने कहा कि जिस महिला ने रेवन्ना पर अवैध तरीके से घर से निकाले जाने का आरोप लगाया, उसने पहले यौन दुर्व्यवहार का आरोप नहीं लगाया था। इस दलील का उद्देश्य यह दिखाना था कि आरोपों में कुछ inconsistencies हैं। नवदगी ने इस पर जोर दिया कि पहले आरोप के बिना, यौन दुर्व्यवहार के मामले को उचित तरीके से नहीं देखा जा सकता।

प्रभुलिंग के. नवदगी ने आगे दलील दी कि फोरेंसिक रिपोर्ट में जिस कथित वीडियो का जिक्र किया गया है, उससे प्रज्वल रेवन्ना के संबंध का कोई ठोस सबूत नहीं मिलता। उन्होंने यह स्पष्ट किया कि इस रिपोर्ट में जो जानकारी दी गई है, वह रेवन्ना के खिलाफ सीधा आरोप साबित नहीं करती। उन्होंने यह भी कहा कि रेवन्ना के फोन में किसी आपराधिक वीडियो के होने का कोई सबूत नहीं है। नवदगी ने यह स्पष्ट किया कि जिस फोन पर सवाल उठाया जा रहा है, वह वास्तव में रेवन्ना के ड्राइवर कार्तिक का है, न कि रेवन्ना का।

Tags:

Follow us

This question is not available..!