बोधगया (10 अक्टूबर 26)। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शनिवार को बिहार के बोधगया से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग द्वारा शाजापुर जिले में आयोजित ‘बलराम कृषि महोत्सव’ में सहभागिता की। उन्होंने किसानों से संवाद कर कृषि क्षेत्र के विकास एवं किसानों के कल्याण से जुड़े विषयों पर चर्चा की।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने संवाद करते हुए कहा कि शाजापुर कृषि, नवाचार और विकास के क्षेत्र में निरंतर आगे बढ़ रहा है। जिले की पहचान प्याज, आलू, सोयाबीन जैसी फसलों के साथ-साथ कृषि आधारित उद्योगों और सौर ऊर्जा क्षेत्र में भी प्रभावी रूप से बन रही है। उन्होंने कहा कि प्रस्तावित सड़क और एक्सप्रेस-वे परियोजनाओं से शाजापुर जिले के विकास को गति मिलेगी तथा किसानों और स्थानीय व्यापारियों के लिए बाजारों तक पहुंच आसान होगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव कहा कि कृषक कल्याण वर्ष अंतर्गत राज्य सरकार कृषि को लाभकारी बनाने के लिए सिंचाई, बिजली, सोलर पंप, भंडारण, खाद्य प्रसंस्करण और कृषि आधारित उद्योगों को बढ़ावा दे रही है। किसानों को नई सड़कों के लिए 4 गुना मुआवजा, दिन में बिजली उपलब्ध कराने, सोलर पंपों को प्रोत्साहित करने तथा कृषि उपज के उचित मूल्य और भंडारण की व्यवस्था सुनिश्चित करने के प्रयास किए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्राकृतिक खेती और आधुनिक कृषि तकनीकों को अपनाने पर जोर देते हुए बताया कि जिले में प्राकृतिक खेती के लिए किसानों का चयन और कृषि सखियों को प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने किसान भाइयों से कहा कि पारंपरिक खेती के साथ-साथ पशुपालन, दुग्ध उत्पादन, फूलों की खेती, मत्स्य पालन और खाद्य प्रसंस्करण जैसी गतिविधियों को अपनाकर आय के अतिरिक्त स्रोत विकसित करने का आह्वान किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि दुग्ध उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए सांची दुग्ध संघ को सशक्त बनाया जा रहा है। गौशालाओं के संचालन के लिए प्रति गौमाता प्रतिदिन सहायता दी जा रही है तथा पशुपालन को प्रोत्साहित करने के लिए प्रतियोगिताएं और पुरस्कार योजनाएं भी संचालित की जाएंगी। आलू और प्याज की प्रोसेसिंग, भंडारण तथा फूड पार्क की स्थापना से किसानों को उनकी उपज का बेहतर मूल्य दिलाने की दिशा में भी कार्य किया जा रहा है।