श्रीनगर (04 अगस्त 25)। श्रीनगर हवाई अड्डे पर एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जहां दिल्ली जाने वाली स्पाइसजेट की उड़ान SG-386 के बोर्डिंग गेट पर एक यात्री ने एयरलाइन के चार कर्मचारियों पर बेरहमी से हमला कर दिया। इस हमले में कर्मचारियों को गंभीर चोटें आईं, जिनमें रीढ़ की हड्डी के टूटने और जबड़े में फ्रैक्चर जैसी गहरी चोटें शामिल हैं।
जानकारी के अनुसार भारतीय सेना के एक लेफ्टिनेंट कर्नल द्वारा अतिरिक्त केबिन बैगेज को लेकर श्रीनगर हवाई अड्डे पर हुई तीखी बहस के दौरान स्पाइसजेट के ग्राउंड स्टाफ पर कथित तौर पर हमला कर दिया। जिससे पीड़ितों को गम्भीर चोट आई है। पीड़ित की रीढ़ की हड्डी में फ्रैक्चर और जबड़े में फ्रैक्चर सहित गंभीर चोटें आई हैं। बताया जा रहा है कि यह घटना स्पाइसजेट की दिल्ली जाने वाली उड़ान SG-386 के निर्धारित प्रस्थान से 2 मिनट पहले बोर्डिंग गेट नंबर पर हुई। बाद में अधिकारी की पहचान लेफ्टिनेंट कर्नल रितेश कुमार सिंह के रूप में हुई, जो वर्तमान में गुलमर्ग स्थित हाई एल्टीट्यूड वारफेयर स्कूल में तैनात हैं। सूत्रों ने पुष्टि की कि सेना अधिकारी 26 जुलाई को शाम 6:10 बजे श्रीनगर से उड़ान भरने वाली स्पाइसजेट की दिल्ली जाने वाली उड़ान की सीट संख्या 24D पर सवार होने वाले थे। सूत्रों ने बताया कि विवाद तब शुरू हुआ जब सेना अधिकारी को बताया गया कि उनके केबिन बैगेज के दो टुकड़ों का वजन 16 किलोग्राम है- जो अनुमत 7 किलोग्राम की सीमा से दोगुना से भी ज्यादा है। जब उनसे विनम्रतापूर्वक लागू शुल्क का भुगतान करने के लिए कहा गया, तो उन्होंने कथित तौर पर इनकार कर दिया और आवश्यक बोर्डिंग औपचारिकताएं पूरी किए बिना ही एयरोब्रिज में घुसकर जबरन विमान में चढ़ने का प्रयास किया। उन्होंने बताया, 'सीआईएसएफ के एक अधिकारी ने उसे रोका और वापस गेट तक ले गए।' स्पाइसजेट के आधिकारिक बयान के अनुसार, बोर्डिंग गेट पर स्थिति जल्द ही हिंसक हो गई। एयरलाइन के एक प्रवक्ता ने कहा, 'यात्री ने हमारे कर्मचारियों पर लात-घूँसे से गंभीर हमला किया और कतार में खड़े एक स्टैंड को भी हथियार की तरह इस्तेमाल किया।' एक कर्मचारी बेहोश हो गया, लेकिन उसे लगातार लात मारी गई। एक अन्य कर्मचारी को अपने सहकर्मी की मदद करते समय हुए हमले में चेहरे पर गंभीर चोटें आईं, जिसमें जबड़े में फ्रैक्चर भी शामिल है।'
घायल कर्मचारियों को अस्पताल ले जाने से पहले हवाई अड्डे पर चिकित्सा टीमों ने प्रारंभिक उपचार प्रदान किया। कथित तौर पर एक कर्मचारी की रीढ़ की हड्डी में फ्रैक्चर हुआ है, जबकि दूसरे के जबड़े और चेहरे पर चोटें आई हैं और नाक और मुँह से खून बह रहा है। एयरलाइन ने हवाई अड्डे के अधिकारियों से सीसीटीवी फुटेज हासिल कर लिया है और जांच के तहत उसे पुलिस को सौंप दिया है। स्थानीय पुलिस में अधिकारी के खिलाफ औपचारिक रूप से प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। स्पाइसजेट ने नागरिक उड्डयन मंत्रालय को भी पत्र लिखकर इस हमले को 'जानलेवा' बताया है और उचित कार्रवाई का आग्रह किया है।वबयान में कहा गया है, 'हम अपने कर्मचारियों के खिलाफ किसी भी तरह की हिंसा की कड़ी निंदा करते हैं और इस मामले को पूरी कानूनी और नियामकीय जांच तक ले जाएंगे।' हवाई अड्डा सुरक्षा समूह (एएसजी) के कर्मचारियों ने तुरंत हस्तक्षेप किया और उड़ान संचालन में कोई बाधा डाले बिना स्थिति को नियंत्रण में कर लिया। बाद में उड़ान निर्धारित समय पर रवाना हो गई। अभी तक, सेना की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। स्थानीय पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है।