टोक्यो (29 जनवरी 25)। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि भारतवंशी अपनी परिवार परंपरा से जहां काम करते हैं वहां निष्ठा का भाव रखते हैं। यही कारण है कि वे हर जगह एडजेस्ट हो जाते हैं। एडजेस्ट भी ऐसे जैसे दूध में शक्कर मिल जाती है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव चार दिवसीय जापान यात्रा के दूसरे दिन जापान में भारतवंशियों 'फ्रैन्ड्स ऑफ एमपी' को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश में पर्यटन, ऑटो मोबाइल, टायर मेन्यूफैक्चरिंग एवं रेडिमेड गारमेंट के क्षेत्र में विकास की अपार संभावनाएं हैं। इस अवसर पर जापान में भारत के राजदूत सीव्ही जार्ज, एसीएस मुख्यमंत्री कार्यालय डॉ. राजेश राजौरा, प्रमुख सचिव औद्योगिक नीति एवं निवेश संवर्धन राघवेन्द्र कुमार सिंह भी उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हम भारतवंशी ही सगे संबंधियों को समझ सकते हैं। विदेश प्रवास के दौरान भी आप लोगों को सामने देखकर ऐसा लगता है जैसे हम सगे-संबंधियों के बीच आ गए हैं। हमारे देश में कोई भी उत्सव या समारोह तब तक पूरा नहीं हो सकता जब तक उस समारोह में सगे- संबंधियों की उपस्थित न हो। मैं आपको मप्र में फरवरी में होने जा रहे औद्योगिक निवेश के भव्य समारोह जीआईएस के लिये आमंत्रित करने आया हूँ। विदेश में अनजान चेहरों के बीच जब हमवतन दिखाई देते हैं तो भारतीयता की विशेष अनुभूति होती है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जापान में बसे भारतवंशियों और फ्रैंड्स ऑफ एमपी को संबोधित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत विश्व की 5वीं बड़ी आर्थिक शक्ति बन गया है। उन्होंने कोविड काल की चुनौतियों से पार पाने की सफलता का उदाहरण देते हुए प्रधानमंत्री श्री मोदी के नेतृत्व क्षमता की सराहना की और कहा कि उनके नेतृत्व से विश्व स्तर पर भारत का सम्मान बढ़ा है और हमारी उपस्थिति सम्मानजनक बनी है, साथ ही भारतवंशियों का आत्म-विश्वास भी बढ़ गया है। इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव, मुख्यमंत्री कार्यालय डॉ. राजेश राजौरा ने कहा कि विगत एक वर्ष में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने औद्योगिक विकास के नवाचार किए और नए आयाम स्थापित किए हैं। युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने के लिए वे रीजनल इन्डस्ट्रीज की अवधारणा को धरातल पर लेकर आए।