यरूशलम (12 सितंबर 25)। पश्चिम एशिया में तनाव नई ऊंचाइयों पर पहुँच गया है। इजराइल ने पिछले 72 घंटों में 6 मुस्लिम देशों गाजा (फिलिस्तीन), सीरिया, लेबनान, कतर, यमन और ट्यूनीशिया पर लगातार हमले किए हैं।इन हमलों में अब तक 200 से ज्यादा लोगों की मौत और 1000 से अधिक लोग घायल हो चुके हैं। इजराइल का दावा है कि उसने केवल आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया, जबकि प्रभावित देश इसे अपनी संप्रभुता पर हमला बता रहे हैं।
मंगलवार को इजराइली सेना ने दोहा (कतर की राजधानी) पर हवाई हमला किया। निशाना था हमास का शीर्ष नेता खलील अल-हय्या। इस हमले में उनके बेटे, ऑफिस डायरेक्टर, तीन गार्ड और एक कतरी सुरक्षा अधिकारी समेत 6 लोगों की मौत हुई। उस समय हमास नेता अमेरिका के युद्धविराम प्रस्ताव पर चर्चा कर रहे थे। इसके बाद हमास ने युद्धविराम से इनकार कर दिया। सोमवार को इजराइली विमानों ने बेका और हरमेल जिलों में हवाई हमले किए। इसमें 5 लोगों की मौत हुई। दावा- 'हिजबुल्लाह के सैन्य ठिकाने निशाना बने।' मंगलवार को इजराइली ड्रोन ने हिजबुल्लाह के एक सदस्य पर हमला किया। नवंबर 2024 में हुए सीजफायर के बावजूद इजराइल लगातार लेबनान पर हमले कर रहा है।
इजराइली फाइटर जेट्स ने सीरिया के एयरफोर्स बेस और सेना के कैंप पर हमले किए। सीरियन ऑब्जर्वेटरी फॉर ह्यूमन राइट्स (SOHR ने बताया -कोई हताहत नहीं हुआ। सीरिया ने इसे 'संप्रभुता का उल्लंघन' बताते हुए कहा- 'इजराइल क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए खतरा है।' रिपोर्ट: 2025 में अब तक इजराइल ने 86 हवाई और 11 जमीनी हमले सीरिया पर किए हैं। इजराइली ड्रोन ने सोमवार को ट्यूनीशिया पोर्ट पर फैमिली बोट को निशाना बनाया। जहाज पर 6 लोग सवार थे, जो पुर्तगाली झंडा लगाकर यात्रा कर रहे थे, किसी की मौत नहीं हुई। मंगलवार को भी ब्रिटिश झंडे वाले जहाज पर हमला किया गया। इजराइल 2010 से गाजा की ओर जाने वाले जहाजों पर लगातार ड्रोन अटैक कर रहा है। बुधवार को इजराइल ने सना एयरपोर्ट पर हवाई हमला किया। दावा- 'हूती ठिकाने निशाना बनाए गए।' इससे पहले 28 अगस्त को हुए हमले में हूती प्रधानमंत्री अहमद अल-रहावी समेत 10 लोगों की मौत हुई थी। सोमवार को गाजा में 150 मौतें और 540 घायल हुए। 2023 से अब तक गाजा में 64,600 से ज्यादा फिलिस्तीनी मारे जा चुके हैं। लगभग 75% गाजा इलाका अब इजराइल के कब्जे में है। हजारों लोग भुखमरी और मलबे में दबकर मारे जा चुके हैं।