नईदिल्ली (18 अगस्त 26)। 4 अगस्त 2026 को फुकेत-दिल्ली एयर इंडिया फ्लाइट AI2379 के अचानक करीब 300 फीट नीचे आने की घटना के बाद एयर इंडिया के दो और पायलट ड्रग टेस्ट में पास नहीं हो पाए। सूत्रों के मुताबिक, फाइनल टेस्ट के नतीजों का इंतज़ार है। इस बीच, दोनों पायलटों को ड्यूटी से हटा दिया गया है। एयरलाइन ने नई स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (SOP) के तहत अपने सभी पायलटों को ड्रग टेस्ट करवाने का आदेश दिया था। अब तक 300 से ज़्यादा पायलट यह टेस्ट करवा चुके हैं। सूत्रों ने बताया कि फ़ाइनल ड्रग टेस्ट के नतीजे आने में आम तौर पर 24-48 घंटे लगते हैं। सूत्रों बताया कि Air india group के दो पायलट शुरुआती ज़रूरी साइकोएक्टिव सब्सटेंस स्क्रीनिंग में 'नॉन-नेगेटिव' पाए गए हैं। उनके सैंपल अब कन्फर्मेटरी टेस्टिंग के लिए भेजे गए हैं और अंतिम नतीजों का इंतज़ार है।
'नॉन-नेगेटिव' नतीजे का मतलब है कि शुरुआती स्क्रीनिंग में कोई ऐसा सब्सटेंस या केमिकल मार्कर मिला है जिसकी और जांच की ज़रूरत है। इसका मतलब यह नहीं है कि पायलटों ने किसी प्रतिबंधित चीज़ का सेवन किया है। कन्फर्मेटरी टेस्ट से पता चलेगा कि शुरुआती नतीजा सही मायने में पॉजिटिव है या नहीं। सूत्रों के अनुसार, अब तक शुरुआती स्क्रीनिंग में दो पायलटों को मार्क्ड किया गया है। उनके सैंपल की अब और जांच की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि क्या उन्होंने किसी साइकोएक्टिव सब्सटेंस का सेवन किया था। यह टेस्टिंग 4 अगस्त को एयर इंडिया की उड़ान AI2379 के साथ हुई घटना के बाद शुरू की गई है। यह उड़ान फुकेत से दिल्ली जा रही थी, तभी क्रूज़ के दौरान एयरबस A320 की ऊंचाई अचानक लगभग 300 फीट कम हो गई। बाद में विमान स्थिर हो गया और दिल्ली में सुरक्षित उतर गया। इस घटना में यात्री और क्रू मेंबर घायल हो गए थे। घटना के बाद दोनों पायलटों की ज़रूरी साइकोएक्टिव सब्सटेंस स्क्रीनिंग की गई। जिसके बाद पायलट-इन-कमांड कन्फर्मेटरी टेस्ट में मारिजुआना के लिए पॉजिटिव पाया गया। इस घटनाक्रम के बाद फ्लाइट क्रू के बीच सब्सटेंस टेस्टिंग की जांच और कड़ी कर दी गई और एयर इंडिया ग्रुप में स्क्रीनिंग का दायरा बढ़ाने का फैसला किया गया।