Monday, 28 Sep 2026

BP, हार्ट, शूगर समेत केंद्र ने तय किए 39 दवाओं के दाम

नईदिल्ली (12 जुलाई 26)। देश में बढ़ते इलाज के खर्च और महंगी दवाओं के बोझ से परेशान आम जनता के लिए राहत भरी खबर है। केंद्र सरकार ने 39 जरुरी दवाइयों के दाम तय किए हैं। कोई भी रिटेल दुकानदार इन दवाइयों के निर्धारित कीमत से ज्यादा पैसे नहीं वसूल सकता। सरकार ने नेशनल फार्मास्युटिकल प्राइसिंग अथॉरिटी यानि की NPPA के तहत ये बड़ा कदम उठाया है। केमिकल और फर्टिलाइज़र मंत्रालय द्वारा जारी आधिकारिक अधिसूचना के अनुसार यह निर्णय ड्रग्स (प्राइसेज़ कंट्रोल) ऑर्डर (DPCO), 2013 के तहत लिया गया है ताकि आपातकालीन और रोजमर्रा की जीवन रक्षक दवाएं आम लोगों की जेब के अनुकूल हो सकें। सरकार की इस नई सूची में निम्नलिखित बीमारियों से जुड़ी दवाओं को शामिल किया गया है: हाइपरटेंशन यानी हाई बीपी

दिल की बीमारियां, डायबिटीज, बैक्टीरियल इंफेक्शन, मिर्गी, दर्द, HIV, आंखों की बीमारियों और कैंसर जैसी बीमारियों के लिए ली जाने वाली दवाएं शामिल हैं। 

इसके अलावा संक्रमण के लिए Amoxicilline+Clavulanate, ग्लूकोमा की आई ड्रॉप और कैंसर उपचार के लिए Imatinib Oral Solution की कीमतों को भी नियंत्रित किया गया है। अथॉरिटी ने साफ कर दिया है कि तय की गई इन कीमतों का उल्लंघन करने वाली फार्मा कंपनियों या मेडिकल स्टोर संचालकों को बख्शा नहीं जाएगा। जुर्माना और ब्याज: यदि कोई रिटेलर या कंपनी निर्धारित मूल्य से अधिक राशि वसूलती है, तो उसे ग्राहकों से ली गई अतिरिक्त रकम ब्याज सहित सरकार के पास जमा करनी होगी। कानूनी कार्रवाई: नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ DPCO 2013 और आवश्यक वस्तु अधिनियम, 1955 के तहत कड़ी दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। एनपीपीए के आदेशानुसार, सभी दवा विक्रेताओं (Retailers & Dealers) को अपनी दुकान के ऐसे हिस्से में निर्माताओं द्वारा जारी मूल्य सूची (Price List) को स्पष्ट रूप से प्रदर्शित करना होगा, जहाँ से आने-जाने वाले ग्राहक इसे आसानी से देख सकें।

Tags:

Follow us

This question is not available..!