नईदिल्ली (07 नवंबर 25)। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने देश के आम नागरिकों के लिए एक महत्वपूर्ण चेतावनी जारी की है। ईडी ने कहा है कि ऑनलाइन सट्टेबाजी और जुए से दूर रहें, क्योंकि इन गतिविधियों में शामिल पाए जाने पर न केवल जेल हो सकती है बल्कि संपत्ति भी जब्त की जा सकती है। एजेंसी ने स्पष्ट किया है कि गैर-कानूनी ऑनलाइन जुआ और सट्टेबाजी न केवल आर्थिक नुकसान पहुंचाते हैं बल्कि मनी लॉन्ड्रिंग और अन्य अपराधों को भी बढ़ावा देते हैं।
ईडी ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी सट्टेबाजी या जुए से जुड़ी गतिविधि में प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से शामिल न हों। अपने बैंक अकाउंट, डेबिट कार्ड, UPI ID या वॉलेट किसी अन्य व्यक्ति को इस्तेमाल करने न दें। सोशल मीडिया या मैसेजिंग प्लेटफॉर्म पर मिलने वाले 'हाई रिटर्न' या 'पैसिव इनकम' वाले लिंक पर क्लिक न करें। किसी भी व्हाट्सएप या टेलीग्राम ग्रुप से दूर रहें जो ऑनलाइन सट्टेबाजी या जुए का प्रचार करते हैं। जानबूझकर ऐसी गतिविधियों में शामिल पाए जाने पर PMLA कानून के तहत सात साल तक की जेल और संपत्ति जब्ती की कार्रवाई हो सकती है। अगर किसी को लगे कि उसका बैंक अकाउंट या पेमेंट मोड गलत तरीके से इस्तेमाल हो रहा है, तो तुरंत बैंक और पुलिस को सूचित करें।
ईडी ने 1xBet ऑनलाइन सट्टेबाजी वेबसाइट से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में टीम इंडिया के पूर्व क्रिकेटर सुरेश रैना और शिखर धवन की 11.14 करोड़ रुपये की संपत्तियां कुर्क की हैं। सूत्रों के अनुसार, धवन की 4.5 करोड़ रुपये की अचल संपत्ति और रैना के ₹6.64 करोड़ रुपये के म्यूचुअल फंड को PMLA अधिनियम के तहत अस्थायी रूप से जब्त किया गया है। जांच में सामने आया है कि दोनों खिलाड़ियों ने विदेशी कंपनियों के साथ समझौता कर ‘1xBet’ और उसके सहयोगियों का प्रचार किया था, जबकि उन्हें इसकी गैरकानूनी प्रकृति की जानकारी थी।