देहरादून (09 नवंबर 25)। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने रविवार को जनसांख्यिकी बदलाव रोकने के उपाय, समान नागरिक संहिता (यूसीसी), अवैध धर्मांतरण पर रोक और दंगा नियंत्रण को लेकर उत्तराखंड सरकार द्वारा उठाए गए कदमों को ‘साहसिक' करार देते हुए उनकी प्रशंसा की और सुझाव दिया कि अन्य राज्यों को भी उनका अनुकरण करना चाहिए। मोदी ने उत्तराखंड के गठन की रजत जयंती के अवसर पर आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा, 'मुख्यमंत्री पुष्कर धामी की सरकार ने जिस गंभीरता से समान नागरिक संहिता (यूसीसी) को लागू किया, वह अन्य राज्यों के लिए एक मिसाल है।
राज्य सरकार ने धर्मांतरण विरोधी कानून और दंगा नियंत्रण कानून जैसे राष्ट्रीय हित के मुद्दों पर साहसिक नीतियां अपनाई हैं।' प्रधानमंत्री ने कहा, ‘भाजपा सरकार (उत्तराखंड में) भूमि हड़पने और जनसांख्यिकीय परिवर्तन जैसे संवेदनशील मुद्दों पर भी ठोस कार्रवाई कर रही है।' देहरादून में वन अनुसंधान संस्थान के प्रांगण में आयोजित कार्यक्रम में मोदी ने रिमोट के जरिये 8260.72 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। प्रधानमंत्री ने उत्तराखंड के विकास में आने वाली बाधाओं को दूर करने के लिए राज्य सरकार की सराहना की और कहा कि उत्तराखंड अगले कुछ वर्षों में खुद को विश्व की आध्यात्मिक राजधानी के रूप में स्थापित कर सकता है। उन्होंने कहा, ‘उत्तराखंड की विकास यात्रा को अनेक बाधाओं का सामना करना पड़ा है, लेकिन भाजपा (भारतीय जनता पार्टी) सरकार ने हर बार उन पर विजय प्राप्त की है और यह सुनिश्चित किया है कि विकास की गति न थमे।' प्रधानमंत्री ने विश्वास व्यक्त करते हुए कि उत्तराखंड आने वाले वर्षों में विकास की नई ऊंचाइयों को छुएगा। उन्होंने आश्वासन दिया कि केंद्र इसके भविष्य की यात्रा के लिए हर संभव सहायता प्रदान करेगा। उन्होंने कहा कि ‘डबल इंजन' वाली भाजपा सरकार उत्तराखंड की क्षमता को नई ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए काम कर रही है।