तेहरान (04 अप्रैल 26)। इज़राइल रक्षा बल (IDF) ने दावा किया है कि उसने तेहरान में कई महत्वपूर्ण सैन्य ठिकानों पर बड़े हमले किए हैं। इन हमलों में खासतौर पर Islamic Revolutionary Guard Corps (IRGC) के एयर डिफेंस सिस्टम और मिसाइल स्टोरेज साइट्स को निशाना बनाया गया। इजराइली सेना के मुताबिक, इन हमलों का मकसद ईरान की सैन्य ताकत और उसके हथियार बनाने की क्षमता को कमजोर करना है। हमले उन ठिकानों पर भी किए गए जहां हथियारों की रिसर्च और डेवलपमेंट का काम चल रहा था।
इस बीच, Iran के दक्षिण-पश्चिमी खुज़ेस्तान प्रांत में स्थित कई पेट्रोकेमिकल कंपनियों पर भी हमले की खबर सामने आई है। रिपोर्ट्स के अनुसार, इन हमलों में कम से कम 5 लोग घायल हुए हैं और नुकसान काफी ज्यादा हो सकता है। स्थानीय अधिकारियों ने बताया कि Mahshahr Special Petrochemical Zone को खाली करा लिया गया है, क्योंकि आगे और हमलों का खतरा बना हुआ है। तनाव उस समय और बढ़ गया जब अमेरिका के दो फाइटर जेट भी ईरानी हमले में गिराए जाने की खबर आई। इनमें से एक पायलट को बचा लिया गया है, जबकि दूसरा अभी भी लापता है। यह पूरा संघर्ष 28 फरवरी से जारी है, जब इज़राइल और यूएस ने मिलकर ईरान पर हमले शुरू किए थे। इसके जवाब में ईरान लगातार मिसाइल और ड्रोन हमले कर रहा है।कुल मिलाकर, मिडिल ईस्ट में हालात बेहद गंभीर होते जा रहे हैं और बड़े युद्ध का खतरा लगातार बढ़ रहा है।