Thursday, 01 Oct 2026

भाजपा विधायक के बेटे के कहने पर मुस्लिमों को नौकरी से निकाला: दिग्विजय सिंह

इंदौर (02 अक्टूबर 25)। इंदौर के शीतला माता बाजार में मुसलमान कर्मचारियों को नौकरी से हटाने और व्यापारियों को धमकाने को लेकर चल रहा विवाद लगातार बढ़ता जा रहा है। इस मामले में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि यदि पुलिस FIR दर्ज नहीं करती है, तो वे सीधे अदालत का रुख करेंगे।

विवाद की शुरुआत, दिग्विजय की प्रतिक्रिया-मामला तब शुरू हुआ जब भाजपा विधायक मालिनी गौड़ के बेटे एकलव्य सिंह गौड़ ने बाजार के व्यापारियों से अपील की कि वे अपनी दुकानों से मुसलमान कर्मचारियों को हटा दें। उन्होंने 25 सितंबर तक का अल्टीमेटम भी दिया। इससे बाजार में तनाव बढ़ गया। इस मामले के बाद कांग्रेस सांसद दिग्विजय सिंह ने कहा कि यह कदम न केवल असंवैधानिक है, बल्कि कानूनन अपराध भी है। उन्होंने बताया कि 15 सितंबर को प्रभावित कारीगरों, दुकानदारों और इंदौर जिला कांग्रेस अध्यक्ष ने पुलिस कमिश्नर को प्रतिवेदन सौंपा था, लेकिन अब तक FIR दर्ज नहीं हुई। उन्होंने चेतावनी दी कि 5 अक्टूबर तक कोई कार्रवाई नहीं हुई तो अदालत का दरवाजा खटखटाएंगे। 

इंदौर पुलिस का कहना है कि जांच अभी जारी है। एडिशनल डीसीपी क्राइम राजेश दंडोतिया ने बताया कि मामले में ज्ञापन मिला है और पीड़ित पक्ष सामने आए तो वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। इस दौरान महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने आरोप लगाया कि दिग्विजय सिंह ने शहर के शांतिपूर्ण माहौल को बिगाड़ने की कोशिश की। सोमवार रात हिंदू महासभा ने दिग्विजय सिंह और राहुल गांधी का पुतला जलाकर विरोध प्रदर्शन किया। इस पुतला दहन को शीतला माता बाजार व्यापारी एसोसिएशन के अध्यक्ष ने भी समर्थन दिया।

Tags:

Follow us

This question is not available..!