जम्मू (29 मई 25)। जम्मू के लखदाता बाजार स्थित मनोकामना सिद्ध हनुमान मंदिर में बुधवार सुबह एक ऐसा चमत्कार घटित हुआ जिसने भक्तों की श्रद्धा को और गहरा कर दिया। मंदिर के पुजारी के अनुसार मंगलवार रात जब मंदिर के कपाट बंद किए गए थे, तब हनुमान जी की मूर्ति अपने सामान्य स्वरूप में थी। लेकिन बुधवार सुबह जब ठीक 5:30 बजे कपाट खोले गए, तो भक्तों ने देखा कि मूर्ति ने अपना स्वरूप बदलकर बाल रूप धारण कर लिया है।
यह अद्भुत दृश्य देखकर श्रद्धालु आश्चर्यचकित रह गए और देखते ही देखते मंदिर में भारी भीड़ उमड़ पड़ी। हर कोई बाल स्वरूप में प्रकट हुए पवनपुत्र के दर्शन पाने को आतुर था। ‘जय श्री राम’ और ‘संकट मोचक की जय’ के जयघोषों से पूरा लखदाता बाजार गूंज उठा। मंदिर के पुजारी ने बताया, ‘ऐसा चमत्कार पहली बार देखा है। जैसे ही आज सुबह कपाट खोले, तो देखा कि हनुमान जी बाल रूप में विराजमान हैं। यह निश्चित रूप से भक्तों पर उनकी कृपा का प्रतीक है।’ श्रद्धालुओं ने इस रूप को भगवान की दिव्य लीला माना और इसे जीवन का सबसे पवित्र क्षण बताया। भक्तों का मानना है कि हनुमान जी ने बाल रूप में प्रकट होकर संकेत दिया है कि वे स्वयं अपने भक्तों की मनोकामनाएं पूरी करने पधारे हैं। भीड़ को ध्यान में रखते हुए मंदिर प्रबंधन द्वारा विशेष प्रबंध किए गए। दिनभर हनुमान चालीसा, सुंदरकांड पाठ और भजन-कीर्तन गूंजते रहे। श्रद्धालुओं ने लड्डू, सिंदूर और चोला चढ़ाकर अपनी श्रद्धा अर्पित की।