Monday, 05 Oct 2026

21 जुलाई से 21 अगस्त तक संसद का मॉनसून सत्र

नईदिल्ली (03 जुलाई 25)। भारत की संसद का मानसून सत्र 21 जुलाई से 21 अगस्त, 2025 तक आयोजित किया जाएगा। इस आशय की पुष्टि संसद कार्य मंत्रालय द्वारा जारी एक आधिकारिक अधिसूचना में की गई है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने इस अवधि में संसद के दोनों सदनों लोकसभा और राज्यसभा को बुलाने के सरकार के प्रस्ताव को स्वीकृति दे दी है। संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व ट्विटर) पर पोस्ट करते हुए कहा, "भारत की राष्ट्रपति ने 21 जुलाई से 21 अगस्त, 2025 तक संसद का मानसून सत्र बुलाने के सरकार के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। स्वतंत्रता दिवस समारोह के चलते 13 और 14 अगस्त को कोई बैठक नहीं होगी।"

15 अगस्त के स्वतंत्रता दिवस समारोह से पहले 13 और 14 अगस्त को संसद की कार्यवाही स्थगित रहेगी, जिससे सुरक्षा एजेंसियों को आवश्यक व्यवस्था करने का समय मिल सके। इस मानसून सत्र को विशेष महत्व इसलिए मिल रहा है क्योंकि यह कश्मीर के पहलगाम में 22 अप्रैल को हुए आतंकी हमले और उसके बाद हुए "ऑपरेशन सिंदूर" के बाद संसद का पहला सत्र होगा। पहलगाम हमले में 26 निर्दोष नागरिकों की जान गई थी। इस हमले के जवाब में भारत ने पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) में 9 आतंकी और सैन्य ठिकानों पर एयरस्ट्राइक कर ऑपरेशन सिंदूर को अंजाम दिया था। यह कार्रवाई भारतीय सेना द्वारा किए गए अब तक के सबसे सटीक और समन्वित सीमापार अभियानों में से एक मानी जा रही है।

ऑपरेशन सिंदूर पर राष्ट्रीय बहस को लेकर विपक्षी दलों ने एक विशेष संसद सत्र बुलाने की मांग की थी। 16 दलों के INDIA गठबंधन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर विशेष सत्र की मांग की, ताकि ऑपरेशन की रणनीति, उद्देश्य और संभावित प्रभावों पर चर्चा हो सके। हालांकि, सरकार ने इस मांग को ठुकरा दिया और स्पष्ट किया कि सभी विषयों पर मानसून सत्र में चर्चा का अवसर दिया जाएगा।


 

Tags:

Follow us

This question is not available..!